कार्यालय संवाददाता, जुलाई 18 -- यूपी के जौनपुर में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत होने वाले कार्यों में खेल का मामला तो पहले भी प्रकाश में आ चुका है, लेकिन इस बार जो चीजें सामने आ रही हैं वह थोड़ी अलग हैं। पारदर्शिता के लिए जियो टैग की व्यवस्था की गई है। इसमें बड़े पैमाने पर धांधली की जा रही है। सिकरारा में एक ही फोटो को पांच-छह ग्राम पंचायतों में इस्तेमाल करके मजदूरों की उपस्थिति फर्जी तरीके से प्रमाणित कर दी गई है। इसका खुलासा मनरेगा की ऑफिसियल वेबसाइट से हुआ है। केंद्र सरकार की प्रमुख योजनाओं में शामिल महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) में पारदर्शिता के लिए काम के समय लाइव फोटो विभागीय वेबसाइट पर अपलोड करनी होती है। इसके तहत जहां काम हो रहा होता है वहां मेठ या ग्राम रो...
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