मुजफ्फरपुर, दिसम्बर 10 -- मुजफ्फरपुर, अजय कुमार पांडेय। जिले में ग्रामीण इलाकों में मजदूरों को मनरेगा को सही तरीके से काम नहीं मिल पा रहा है। प्रखंड से लेकर पंचायत स्तर पर प्रतिनियुक्त अधिकारियों की लापरवाही से मजदूरों को न्यूनतम सौ दिन का काम भी नहीं मिल पा रहा है। जबकि, काम पाने को लेकर इस साल अलग-अलग बैनर के तले मजदूर पांच बार कलेक्ट्रेट पर एक-एक सप्ताह तक धरना प्रदर्शन कर चुके हैं। जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के मनरेगा के आधिकारिक आंकड़े भी इसकी पुष्टि कर रहे हैं। आंकड़ों के अनुसार, इस साल 16 प्रखंडों में चलाई जा रही मनरेगा की योजनाओं में से अभी तक 13 प्रखंडों में ही केवल 92 मजदूरों को पूरे सौ दिन का काम मिल पाया है। जबकि, तीन प्रखंडों बोचहां, गायघाट और मुरौल इसमें फिसड्डी साबित हुए हैं। यहां एक भी मजदूर को सौ दिन का काम नहीं मिल पाया ह...