जमशेदपुर, नवम्बर 24 -- मानवाधिकार कार्यकर्ता जवाहर लाल शर्मा की आम लोगों के हित को लेकर दाखिल एक चर्चित मामले की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच में सोमवार को हुई। रिट पिटीशन (सिविल) नंबर 1147/2025 के माध्यम से सुप्रीम कोर्ट या हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज की अगुवाई में एक एक्सपर्ट कमेटी बनाने की मांग की गई थी। यह कमेटी उन लोगों के मुआवज़े और पुनर्वास के लिए एक मॉडल स्कीम/फ्रेमवर्क बनाएगी, जिन्हें गलत या मनमाने ढंग से जेल में डाला गया है और बाद में उन्हें बरी कर दिया गया। साथ ही, ऐसे लोगों को उनके बुनियादी अधिकारों के उल्लंघन के लिए मुआवज़ा देने के लिए एक खास फंड बनाने की भी मांग की गई थी। पिटीशनर की ओर से सीनियर एडवोकेट गोपाल शंकरनारायणन और एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड सुश्री नेहा राठी ने पक्ष रखा। थोड़ी देर की...
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