नई दिल्ली, सितम्बर 18 -- रिद्दमा कौल, हेल्थ एडिटर, एचटी दुनिया भर में मधुमेह (डायबिटीज) के एक नए रूप की काफी चर्चा हो रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि निम्न एवं मध्यम आय वाले देशों (एलएमआईसी) के कम वजन वाले लाखों नौजवान इस डायबिटीज के शिकार हैं और इसे 'टाइप 5' डायबिटीज की औपचारिक मान्यता दी जानी चाहिए। अंतरराष्ट्रीय मधुमेह महासंघ, यानी आईडीएफ ने इसी साल अप्रैल की विश्व मधुमेह कांग्रेस की 'वेल्लोर घोषणा' में इस नाम का प्रस्ताव पारित किया था और अब द लैंसेट ग्लोबल हेल्थ में इसे प्रकाशित किया गया है। इससे पहले तमिलनाडु के वेल्लोर में जनवरी में हुई एक बैठक में आम सहमति से इस नाम को स्वीकार किया गया था। डायबिटीज की बीमारी कई तरह की होती है। सबसे चर्चित टाइप1 (स्व-प्रतिरक्षी, इंसुलिन-निर्भर) और टाइप2 (वजन-संबंधी) हैं। इनके अलावा, टाइप3 मधुमेह तब...
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