विशेष संवाददाता, फरवरी 1 -- मदरसों में हो रही विदेशी फंडिंग की तह तक पहुंचने के लिए अब उनके भवन निर्माण की लागत और उसके स्रोत की भी पड़ताल होगी। सभी जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारियों को आदेश दिए गए हैं कि वे इस पहलू पर जांच करके निदेशालय को इसकी रिपोर्ट दें। विदेशी फंडिंग मामले की जांच एटीएस स्तर की एसआईटी कर रही है। उत्तर प्रदेश में तकरीबन 4000 मदरसों में विदेशी फंडिंग का अनुमान है। एसआईटी इसकी पड़ताल कर रही है। अब तक हुई जांच में पाया गया है कि तमाम मदरसे ऐसे हैं, जिनकी आय का कोई पुख्ता स्रोत तो नहीं है, लेकिन वे आलीशान भवनों में संचालित किए जा रहे हैं। संचालकों द्वारा भवन निर्माण में लगी रकम का प्रमाणिक स्रोत साझा नहीं किया जा रहा है। जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे मदरसों के निर्माण के स्रोत की गहनता से प...