रुद्रपुर, फरवरी 19 -- खटीमा, संवाददाता। मदरसा रहमानिया तालीमी कॉन्फ्रेंस और जशने दस्तारबंदी आयोजित की गई। इसमें कुरान की शिक्षा लेकर जाने वाले सात विद्यार्थियों की दस्तारबंदी हुई। मंगलवार की शाम को कॉन्फ्रेंस की शुरुआत कुरान पढ़ने से हुई। आसपास के उलेमाओं ने लोगों को शिक्षा, अमन व शांति का पैगाम दिया। मुफ्ती शरिफ़ खान मिस्बाही ने कहा कि कुरान को याद रखने वाले लोग जहां जाएंगे, वहां ज्ञान का प्रकाश फैलाएंगे। क़ाज़ी ऐ शहर जमा मस्जिद सैयद हाशिम अली कादरी ने कहा कि शिक्षा इंसान को बुलंदियों पर पहुंचा देती है। इसलिए हमें हर हाल में शिक्षा हासिल करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि ईमान सबसे बड़ी दौलत है। कभी भी ईमान का सौदा नहीं करना चाहिए। मेहमाने खूसूसी मौलाना सगीर अहमद जोखनपुरी ने कहा कि इंसान को अपने आप को बदलना चाहिए। नमाज पढ़ने के साथ ही रोजे रखने चा...
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