अयोध्या, जुलाई 18 -- अयोध्या। सावन झूलनोत्सव के उपलक्ष्य में मणिराम छावनी में नौ दिवसीय श्रीराम कथा का शुभारम्भ हो गया। इसके पहले धूमधाम से बाजे-गाजे के साथ कलश यात्रा निकाली गई और मां सरयू का पूजन किया गया। आयोजन के दूसरे दिन कथा व्यास महामंडलेश्वर स्वामी उत्तम महाराज ने कहा कि शास्त्रों में साढ़े तीन करोड़ तीर्थों का वर्णन है। उन्होंने कहा कि कहीं महापुरुषों की महिमा है तो कहीं देवताओं की महिमा है और कहीं पर तीर्थों की अपनी महिमा है। उन्होंने कहा कि अयोध्या पुरी ऐसा एक तीर्थ है जहां महापुरुषों के साथ देवता और तीर्थ सभी एक साथ महिमा मंडित है। उन्होंने बताया मां सरयू का दर्शन मात्र करने से ही जीवन के पाप नष्ट हो जाते हैं। आचार्य प्रवर ने कहा कि प्रभु राम इक्ष्वाकु वंश के शिखर है। उनका प्रादुर्भाव तब हुआ जब 26 कुल के तपस्वियों ने अखंड तपस्...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.