गिरडीह, फरवरी 24 -- मनोज कुमार, हीरोडीह। शुभ मुहूर्त की शुरुआत होते ही हीरोडीह एवं आसपास के क्षेत्र में शहनाइयों की गूंज सुनाई देने लगी है। हिन्दू धार्मिक पंचांग और ज्योतिष शास्त्र के अनुसार शुभ तिथि एवं शुभ समय में संपन्न विवाह को सात जन्मों का अटूट बंधन माना जाता है। यही कारण है कि लोग विवाह जैसे पवित्र संस्कार के लिए शुभ मुहूर्त की प्रतीक्षा करते हैं और उसी आधार पर कार्यक्रम निर्धारित करते हैं। इस वर्ष फरवरी के अंतिम सप्ताह से मार्च के आरंभ तक कई शुभ तिथियां उपलब्ध हैं, जिससे क्षेत्र में विवाह समारोहों की रौनक बढ़ गई है। पंडितों एवं ज्योतिषाचार्यों के अनुसार इस अवधि में शुक्र के उदय तथा मंगल की अनुकूल स्थिति के कारण विवाह के लिए उत्तम योग बन रहे हैं। मुहूर्त प्रारंभ होते ही विवाह भवन, बैंड-बाजा, साज-सज्जा और कैटरिंग व्यवसाय से जुड़े लो...