वाराणसी, नवम्बर 11 -- वाराणसी, हिन्दुस्तान टीम। बनारसी मन-मिजाज से जितना अक्खड़-फक्कड़, उतना ही घुमक्कड़ भी है। हर त्योहार में मौसम-मौके को खूबसूरत बहाने की शक्ल देकर घुमक्कड़ी के अनुकूल बनाना, दुनियावी दिक्कतों-दुश्वारियों को खूंटी पर टांग उन्मुक्त भ्रमण को निकल जाना बनारसियों का सहज स्वभाव है। इसी स्वभाव का प्रमाण है लोटा भंटा मेला जिसका आयोजन मार्गशीर्ष की षष्ठी तिथि पर सोमवार को किया गया। मेले में काशीवासियों ने भगवान भोलेनाथ को बाटी चोखा का भोग लगाया। नगर के जंसा, रामेश्‍वर, पांचोंशिवाला-हरहुआ के बीच वरुणा नदी के कछार पर मेला दूर तक लगा था। इसकी गवाही जगह-जगह लगे अहरों से उठता धुआं दे रहा था। सगे-संबंधियों संग लिया स्वाद मेले में आए श्रद्धालुओं ने पौराणिक मान्‍यता में आस्था जताते हुए वरुणा में स्नान किया। पंचक्रोशी परिक्रमा के तीसरे ...