सहारनपुर, दिसम्बर 13 -- बृजेश नगर स्थित स्थानीय मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में आत्मानुभवी महाराज ने कथा की अमृत वर्षा करते हुए भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भारत सैद्धांतिक ज्ञान का भंडार और समस्त धर्मों की मातृभूमि है। महाराज ने महाभारत के प्रसंग का उदाहरण देते हुए बताया कि युद्धभूमि में भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को आत्मज्ञान प्रदान कर कर्मयोगी बनाया और विजयश्री दिलाई। कथा के दौरान श्रद्धालु भक्ति में लीन होकर आत्मिक शांति का अनुभव करते दिखे। कथा के शुभारंभ से पूर्व बृजेश नगर में भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें बैंड-बाजों की धार्मिक धुनें गूंजती रहीं। श्रद्धालुओं ने बारी-बारी से श्रीमद् भागवत ग्रंथ का शिरोधार्य किया, वहीं बड़ी संख्या में महिलाओं ने मंगल कलश लेकर यात्रा में सहभागिता की। क...