रामपुर, फरवरी 16 -- रामपुर। दनियापुर स्थित गांव में निजी स्थान प्रांगण में सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा आयोजित की गई है। जिसमें कथा वाचक डा. रमेश चन्द्र शर्मा ने कथा सुनने से मिलने वाले पुण्य, नियम और यदि कथा न सुन पाएं, तो किस प्रकार पुण्य फल की प्राप्ति हो सकती है, के बारे में जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि श्रीमद भागवत कथा सभी वेदों का सार है, इसे सुनने से मनुष्य तृप्त होता है और जन्म जन्मांतर के पाप से मुक्त हो जाता है। साथ ही कथा सुनने या किसी भी शुभ काम को करवाने या करने के पीछे का उद्देश्य परम लक्ष्य की प्राप्ति ही होता है। वह कहते हैं कि कथा आयोजन स्थल में प्रवेश करने से पहले सांसारिक जीवन के दुख तकलीफों को भूलकर उस परम परमेश्वर ईश्वर का चिंतन मनन करना जरूरी है और घर से जिस उद्देश्य को लेकर कथा सुनने आते हैं, उसे पूरा जरूर करना च...