नई दिल्ली, जून 25 -- नई दिल्ली। विशेष संवाददाता सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को उत्तर प्रदेश सरकार की खिंचाई करते हुए कहा कि 'भगवान जाने कितने लोग तकनीकी कारणों से आपकी जेलों में सड़ रहे हैं। शीर्ष अदालत ने जबरन धर्मांतरण के मामले में जमानत के आदेश में खामी बताकर आरोपी को गाजियाबाद के जेल रिहा करने से इनकार किए जाने के मामले की जांच का आदेश देते हुए यह टिप्पणी की है। जस्टिस केवी विश्वनाथन और एन कोटिश्वर सिंह की अवकाशकालीन पीठ ने गाजियाबाद के मौजूदा जिला जज द्वारा मामले की न्यायिक जांच का आदेश दिया और कहा कि यह जांच इस बात पर केंद्रित होगा कि याचिकाकर्ता आफताब की रिहाई में देरी क्यों हुई और क्या कुछ भयावह चल रहा था? इसके साथ ही, जमानत मिलने के बाद भी आरोपी को जेल में रखने के लिए शीर्ष अदालत ने उत्तर प्रदेश सरकार से आरोपी को 5 लाख रुपये का अंतरि...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.