हापुड़, जनवरी 9 -- नगर के जवाहर गंज में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन कथा व्यास डा शैल बिहारी ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाएं, पूतना उद्धार, माखन चोरी और गोवर्धन पूजा का सुंदर वर्णन किया। भगवान श्रीकृष्ण और बलराम जी के नामकरण संस्कार के साथ छप्पन भोग का भव्य आयोजन किया गया। कथावाचक डॉ शैल बिहारी ने कहा कि भगवान कृष्ण के जन्म लेने पर कंस उनकी मृत्यु के लिए राज्य की सबसे बलवान राक्षसी पूतना को भेजा था, जहां राक्षसी पूतना भेष बदलकर भगवान कृष्ण को अपने स्तन से जहरीला दूध पिलाने का प्रयास करती है, लेकिन भगवान उसका वध कर देते हैं। इसी प्रकार कार्तिक माह में ब्रजवासी भगवान इंद्र को प्रसन्न करने के लिए पूजन कार्यक्रम की तैयारी करते हैं, लेकिन भगवान कृष्ण उनको इंद्र की पूजा करने से मना कर देते हैं। गोवर्धन की पूजा करने के लिए कहते है। यह...