जमशेदपुर, फरवरी 25 -- गोलमुरी मनिंदर टावर में चल रहे भागवत कथा के पांचवें दिन सोमवार को आचार्य पंडित सुरेश चंद्र शास्त्री ने बाल लीला, माखन चोरी, वेणु गीत और गोवर्धन लीला, भगवान श्रीकृष्ण की दिव्य, चंचल और प्रेममयी लीलाओं का वर्णन किया। कहा कि इन लीलाओं के माध्यम से भागवत कथा हमें निस्वार्थ प्रेम, भक्ति और अहंकार के विनाश का संदेश देती है। श्री कृष्ण की बाल लीलाएं भगवान के सुलभ रूप को दर्शाती हैं, जो भक्तों के प्रेम के वशीभूत हैं। आचार्य ने कहा कि कृष्ण अपने मित्रों के साथ घर-घर जाकर माखन चुराते और खाते थे। यह सिर्फ चोरी नहीं, बल्कि गोपियों के प्रेम और समर्पण को स्वीकार करने का तरीका था। गोवर्धन लीला का प्रसंग बताते हुए शास्त्री ने कहा कि इंद्र के प्रकोप (भारी वर्षा) से ब्रजवासियों की रक्षा के लिए, बाल कृष्ण ने गोवर्धन पर्वत को अपनी छोटी ...
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