जामताड़ा, जनवरी 16 -- जामताड़ा, प्रतिनिधि। शहर की स्वच्छ सड़कों पर माथे पर कलश लेकर छोटे-छोटे पग भरतीं रंगे-बिरंगे परिधान से सजी छोटी कन्याएं, युवतियां व महिलाओं का जत्था शोभा यात्रा को न केवल भव्य, आकर्षक बना रहा था बल्कि भक्ति में डूबे शहर के आस्था को बयां कर रहा था। कलश यात्रा के आगे-आगे चल रहे भव्य रथ पर सवार मां चंचला पर नजरें पड़ने के साथ सिर स्वत: ही श्रद्धा और भक्ति में झुक रहे थे। हजारों की संख्या में कतारबद्ध भक्तों की ओर से जय माता दी, मां चंचला की जय के गंगनभेदी जयकारों से शहर गूंजायमान हो रहा था। वहीं पारंपरिक वाद्य यंत्र की ध्वनि और पारंपरिक नृत्य माहौल को भक्तिमय बना रहा था। आस्था व अध्यात्म से सराबोर यह नजारा शुक्रवार को जामताड़ा की सड़क पर दिखा। मौका था तीन दिवसीय मां चंचला 13वें वार्षिक महोत्सव के आगाज का। महोत्सव के पहले दिन...
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