सीतापुर, जून 16 -- सीतापुर। शहर को एक स्वच्छ और स्वस्थ शहर बनाने के लिए सफाईकर्मियों का योगदान अमूल्य है। उनकी समस्याओं को अनदेखा करना न केवल अन्यायपूर्ण है, बल्कि पूरे शहर के स्वास्थ्य और सेहत के लिए भी नुकसानदेह है। शहर के 30 वार्डों की करीब चार लाख की आबादी को साफ सुथरा माहौल देने की जिम्मेदारी इन्हीं सफाईकर्मियों के कंधों पर है। आज हर सामाजिक और राजनैतिक मंचों से इन सफाईकर्मियों के योगदान की चर्चा आम है। बावजूद इसके जिले इन गुमनाम नायकों के सामने समस्याओं का अंबार है। जिससे न केवल उनकी व्यक्तिगत सुरक्षा और स्वास्थ्य खतरे में है, बल्कि पूरे शहर की स्वच्छता भी दांव पर लगी है। जरूरत से कम कर्मचारियों, सुरक्षा उपकरणों की कमी और सामाजिक उपेक्षा जैसी कई समस्याएं उनकी दिनचर्या का हिस्सा बन गई हैं। सही मायनों में एक स्वच्छ शहर का सपना तभी साक...
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