सीतापुर, जनवरी 6 -- सही मायनों में अगर देखा जाए तो जिले में पेयजल आपूर्ति की पूरी व्यवस्था जर्जर पाइपलाइनों के सहारे ही संचालित हो रही है। शहर हो या कस्बे, हर जगह पानी की सप्लाई पुरानी और क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों से की जा रही है, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती हैं। हालांकि शहर की बात करें तो यहां यह राहत जरूर है कि यदि किसी स्थान पर पाइपलाइन में लीकेज होता है तो संबंधित विभाग की ओर से तत्काल मरम्मत करा दी जाती है, जिससे लंबे समय तक पानी की बर्बादी नहीं होती। लेकिन तहसीलों और कस्बों में हालात इससे बिल्कुल उलट और कहीं ज्यादा बदतर बने हुए हैं। जिले के प्रमुख कस्बों लहरपुर और बिसवां में पाइपलाइन लीकेज की समस्या वर्षों से बनी हुई है। यहां पाइपलाइन में लीकेज होने पर महीनों तक पानी सड़कों पर बहता रहता है। कई स्थानों पर तो हालात ऐसे हैं कि सा...