भागलपुर, जुलाई 7 -- प्रस्तुति: राजेश कुमार सिंह सत्तरकटैया प्रखंड की आशा कार्यकर्ताओं का इतने कम मानदेय में न तो खुद का भरण-पोषण होता है, और न ही परिवार का भरण-पोषण किसी असंभव कार्य से कम है। बढ़ती महंगाई के बीच यह मानदेय किसी यातना से कम नहीं लगता। यदि सरकार एक सम्मानजनक मानदेय बढ़ा दे, तो वे बड़े उत्साह के साथ कार्य करेंगी और सेवा और भी बेहतर होगी। वे क्षेत्र में पूरी ईमानदारी के साथ अपनी सेवा देंगी, ताकि सरकार की यह योजना धरातल पर सौ प्रतिशत साकार हो सके। यह बातें हिन्दुस्तान संवाद में उभर कर सामने आईं। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पंचगछिया से जुड़े विभिन्न पंचायतों की आशा कार्यकर्ताओं ने सरकार से कार्य के अनुसार मानदेय बढ़ाने की मांग की है। विभिन्न पंचायतों में पदस्थापित आशा कार्यकर्ताओं ने बताया कि वर्तमान समय में जो मानदेय दिया जा रहा ह...
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