भागलपुर, जनवरी 7 -- -प्रस्तुति: विजय झा एनएच-327 ई भारतमाला परियोजना के तहत सहरसा-सुपौल मुख्य मार्ग पर बन रहा बाइपास सड़क अब लगभग अंतिम चरण में पहुंच चुका है। इस बाइपास के चालू होने से जहां आवागमन तेज और सुगम हुआ है, वहीं कई महत्वपूर्ण पड़ावों पर यात्री सुविधाओं की घोर अनदेखी भी सामने आ रही है। ऐसा ही एक प्रमुख स्थान है परशुराम चौक, जिसे बनगांव बाइपास चौक के नाम से भी जाना जाता है। यह चौक अब केवल स्थानीय चौराहा नहीं रहा, बल्कि क्षेत्रीय यातायात का एक बड़ा केंद्र बन चुका है। परशुराम चौक से प्रतिदिन दर्जनों ऑटो और टोटो सवारी लेकर आसपास के ग्रामीण इलाकों के साथ-साथ जिले और पड़ोसी जिलों की ओर रवाना होते हैं। सुपौल में महासेतु के निर्माण और कोसी नदी के बलुआहा घाट पर पुल बनने के बाद इस मार्ग पर सवारी वाहनों की संख्या में लगातार इजाफा हुआ है। इस...
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