लखीसराय, जनवरी 22 -- शहर के घनी आबादी वाले इलाकों में वायु प्रदूषण की रफ्तार जिस तेजी से बढ़ रही है उसने आम लोगों की जिंदगी को गंभीर खतरे में डाल दिया है। शहर के नया बाजार गौशाला गली, अष्टघट्टी तालाब एवं आर लाल कॉलेज, भारत पेट्रोल पंप के समीप स्थित रिहायशी इलाकों के बीच धान की भूसी से जलावन बनाने वाले दर्जनों मिल बिना किसी रोक टोक के धड़ल्ले से संचालित हो रहे हैं। इन मिलों से निकलने वाला काला, जहरीला और दमघोंटू धुआं अब पूरे इलाके को अपनी चपेट में ले चुका है। सुबह से लेकर देर रात तक हवा में घुला यह जहर लोगों की सांसों में उतर रहा है और धीरे-धीरे एक अदृश्य मौत का कारण बनता जा रहा है। रिहायशी इलाकों में उद्योग, नियमों की खुलेआम धज्जियां: पर्यावरण नियमों के अनुसार ऐसे प्रदूषणकारी उद्योगों को शहर से बाहर या औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित किया ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.