रामपुर, फरवरी 16 -- लोगों को बाजार के मुकाबले कम कीमत पर दवाइयां मिल सके, इसके लिए केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि परियोजना के तहत देशभर में जन औषधि केंद्र खोलने की मुहिम चलाई, लेकिन ब्रांडेड दवाओं की लोकप्रियता और जेनेरिक का प्रचार प्रसार कम होने से लोगों के पास तक इसका लाभ कम पहुंच रहा है। इन केंद्रों पर मिलने वाली दवाइयां लोगों की पहुंच से दूर हैं। इसलिए जन औषधि केंद्रों के संचालकों को कमाई कम हो रही है। इसे लेकर उन्होंने हिन्दुस्तान से अपनी समस्या साझा की है। उन्होंने इसके लिए प्रचार-प्रसार पर जोर देने की मांग उठाई है। रामपुर शहर में पांच जन औषधि केंद्र हैं। इनमें एक केंद्र ज्वालानगर में चल रहा है। दूसरा औषधि केंद्र जिला अस्पताल के अंदर है। राजद्वारा और पुराना गंज में मेन बाजार में तीन जन औषधि केंद्रों का संचालन हो रहा है। ...
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