रांची, फरवरी 13 -- रांची, संवाददाता। हिन्दुस्तान अखबार की ओर से पंडरा बाजार के व्यापारियों के बीच बोले रांची कार्यक्रम हुआ। व्यापारियों ने नगर निगम से अपनी-अपनी अपेक्षाएं साझा कीं। कहा कि राजधानी रांची का 42 साल पुराना पंडरा बाजार राज्य का सबसे बड़ा थोक बाजार माना जाता है। यहां से रोजाना करीब 60 करोड़ रुपये का कारोबार होता है। लेकिन, आज यह बाजार बुनियादी सुविधाओं के अभाव से जूझ रहा है। इस बाजार की सड़क नहीं बनी है। पानी की आपूर्ति से लेकर सफाई ठप है। शौचालय जर्जर हैं। सुरक्षा के लिए सीसीटीवी नहीं है। स्ट्रीट लाइटें भी बंद पड़ी हैं। राजधानी रांची का पंडरा बाजार, जिसे राज्य की आर्थिक धड़कन भी कहा जाता है, आज बदहाली और उपेक्षा का प्रतीक बन चुका है। 1982 में स्थापित इस थोक मंडी से प्रतिदिन 60 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार होता है। यहां करीब ...