मेरठ, अगस्त 6 -- मेरठ। शहर की सड़कों और बस्तियों में खुले में लगे ट्रांसफार्मर अब महज बिजली की आपूर्ति का साधन नहीं रहे, बल्कि जान के दुश्मन भी बन चुके हैं। आबादी के बीचोंबीच रखे इन ट्रांसफार्मर से हर रोज लोगों की जान जोखिम में रहती है। आए दिन करंट लगने की घटनाएं सामने आती हैं, लेकिन अफसोस की बात यह है, कि इन ट्रांसफार्मर की व्यवस्था देखने वाला कोई नजर नहीं आता। ट्रांसफार्मर के खतरों से जूझ रहे लोग अब समस्या का समाधान चाहते हैं। शहर एक ओर जहां विकास के करंट के साथ आगे बढ़ रहा है, वहीं दूसरी ओर कई इलाके जानलेवा खतरों से जूझ रहे हैं। बिजली आपूर्ति को लगाए गए ट्रांसफार्मर आज खुद आम जनता के लिए खतरे की घंटी बन चुके हैं। शहर में आबादी वाले इलाकों सुभाषनगर, गोला कुआं, ब्रह्मपुरी, शहर सर्राफा, हापुड़ रोड, लिसाड़ी रोड सहित कई जगहों पर खुले में रख...
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