प्रतापगढ़ - कुंडा, फरवरी 3 -- किसानों को उचित मूल्य पर खाद, बीज और कीटनाशक दवाएं उपलब्ध कराकर उनकी फसलों की पैदावार बढ़ाने का दावा अमल में लाने के लिए शासन स्तर से बनाई गई साधन सहकारी समितियों के भवन खस्ताहाल हो चुके हैं। समितियों के भवन की वर्तमान हालत देखकर नियुक्त किए गए सचिव सहित अन्य कर्मचारी भी इन भवनों के अंदर नही बैठना चाहते। कर्मचारी अधिकतर काम बाहर बैठकर निपटाते नजर आते हैं। कारण इन्हें जर्जर हो चुके भवनों पर एक फीसदी भी भरोसा नहीं है। दावा किया जाता है कि समितियों पर आने वाले किसानों के बैठने, पेयजल, शौचालय आदि की सुविधा उपलब्ध कराई गई है लेकिन शौचालयों की गंदगी देखकर उसका प्रयोग करने की हिम्मत कोई नहीं जुटाता। समितियों पर लगाए गए इक्का दुक्का हैंडपंप छोड़ दें तो अधिकतर खराब हैं। जर्जर और बदहाल हो चुकी साधन सहकारी समितियों में ह...