बहराइच, दिसम्बर 14 -- जिले का नगर निकाय स्वच्छता के पैमाने पर अभी तक खरा नहीं उतर रहा है। नगर पालिका परिषद को छोड़ दें, तो नगर पंचायतों में स्वच्छता अभियान का सिर्फ ढिंढोरा पीटा जा रहा है। एक ओर से कूड़ा उठाया जा रहा है तो दूसरी ओर अधिकांश कूड़ा खाली जगहों पर ही फेंक दिया जा रहा है। नवगठित चार नगर पंचायतों में तो कूड़ा प्रबंधन के नाम पर सिर्फ मसौदा ही कई सालों से बन रहा है। कुछ निकायों में एमआरएफ सेंटर बन भी गए हैं तो उनको संचालित करने की व्यवस्था नहीं हो पाई है। सदर नगर पंचायत को छोड़ दें तो अन्य निकायों में डोर टू डोर कूड़ा उठान की व्यवस्था भी शुरू नहीं हो पाई है। नगर पंचायतों के पास मैन पावर व संसाधन की बड़ी कमी है। इससे साफ-सुथरा बनाए रखने में बड़ी चुनौती है। जून में हिन्दुस्तान ने कूड़ा प्रबंधन को लेकर कई अहम मुद्दे उठाए थे, जिसके बा...