बलिया, फरवरी 26 -- संक्रामक बीमारियों की जांच के लिए सैंपल लेने वाले लैब टेक्नीशियन अपनी सुरक्षा के लिए चिंतित हैं। विभाग की ओर से न किट मिलती है और न ही सुरक्षा दूसरे इंतजाम हैं। कोरोना काल में 'योद्धा रहे इन कर्मचारियों को यह बात अखरती है कि उस समय की अतिरिक्त ड्यूटी का भुगतान दूर, हौसला अफजाई के लिए एक प्रमाणपत्र भी नहीं मिला। तैनाती मलेरिया जांच के लिए है लेकिन हर जांच करनी पड़ रही। गांवों में सैंपलिंग करते हैं लेकिन बदले में कुछ नहीं मिलता। एनपीएस पुस्तिका का अता-पता नहीं है। मलेरिया विभाग के कार्यालय में 'हिन्दुस्तान से चर्चा में लैब टेक्नीशियनों ने अपना 'रिपोर्ट कार्ड सामने रखा तो कई 'बीमारी सामने आईं। उत्तर प्रदेश प्रयोगशाला प्राविधिज्ञ संघ के जिलाध्यक्ष छोटेलाल प्रसाद ने बताया कि टेक्नीशियनों को अस्पतालों में हर तरह की जांच करनी ...
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