फर्रुखाबाद कन्नौज, अप्रैल 20 -- नए सत्र में स्कूलों में पढ़ाई का दौर शुरू हो चुका है। बच्चों की बेहतरी के लिए जहां विद्यालयों में पढ़ाई पर फोकस किया जा रहा है तो वहीं बच्चों के परिवहन साधनों को लेकर प्रबंधन बेखबर है। कुछ स्कूल तो अपनी बसों से बच्चों को सुविधा दे रहे हैं पर अधिकतर स्कूलों के पास परिवहन के साधन नहीं हैं। ऐसे में स्कूली बच्चों को लाने, ले जाने का काम पंजीकृत और गैर पंजीकृत वाहनो में किया जा रहा है। जिन पंजीकृत वाहनों में बच्चों को ले जाया जा रहा है उनमें भी नियम, कानूनों की अनदेखी की जा रही है। आपके अपने अखबार 'हिन्दुस्तान से चर्चा के दौरान अभिभावक कहने लगे कि उनके पास विकल्प नही हैं जिससे वह अपने बच्चों को स्कूल भेज सकें। कहते हैं कि रोजाना का झंझट होने की वजह से स्कूली वाहन कर रखा है। उन्हें नहीं पता है कि स्कूली वाहन अधिकृत...
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