पटना, जून 4 -- स्टेशन गोलंबर को जीपीओ गोलंबर से जोड़ने वाली सड़क के किनारे बड़ी संख्या में फुटपाथी दुकानें हैं, जहां सस्ती कीमत पर रेडिमेड कपड़े मिलती हैं। इन फुटपाथी दुकानों में बिकने वाले नए-पुराने कपड़े निम्न आयवर्ग के परिवारों के पर्व-त्योहारों में खुशियों का रंग भरता है। पटना में रहकर पढ़ाई करने वाले छात्रों का बड़ा समूह भी इनका ग्राहक है। कई दुकानदारों की दूसरी पीढ़ी इस कारोबार में है। लेकिन, धीरे-धीरे इस बाजार की रौनक कम हो रही है। हर मौसम की मार झेलकर खुले आसमान में रोजी-रोटी के लिए पुराने कपड़ों का व्यवसाय कर रहे दुकानदार वेंडिंग जोन की मांग कर रहे हैं। कुछ का कार्ड तो बना, पर उन्हें कोई स्थायी जगह नहीं मिली। :: मुख्य स्टोरी ::: बढ़ती महंगाई के इस समय में सामान्य शर्ट-पैंट की खरीद में हजार रुपये का खर्च हो जाना सामान्य बात है। ले...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.