आगरा, जनवरी 5 -- तीर्थ नगरी सोरों को अब बहुस्तरीय पार्किंग की जरूरत महसूस होने लगी है। मार्गशीर्ष मेला, सोमवती अमावस्या, कावंड़ मेला समेत अन्य स्नान पर्वों पर लाखों की संख्या में श्रद्धालु स्नान करने के लिए सोरों आते हैं। श्रद्धालुओं के वाहनों को खड़ा करने के लिए सोरों में कोई पार्किंग नहीं हैं। जिससे वाहनों तीर्थ नगरी के अंदर व सड़कों के किनारे खड़ा करना पड़ता है। वाहनों की अधिकता की वजह से स्नान पर्वों पर श्रद्धालु घंटो जाम में फंसे रहते हैं। सोरों के तीर्थ पुरोहित, सोरों में स्नान करने आए श्रद्धालु व स्थानीय लोगों ने वाहनों की अधिकता से होने वाली दिक्कतों व बहुस्तरीय पार्किंग की जरूरत पर अपने लोक प्रिय समाचार पत्र दैनिक हिन्दुस्तान से अपने विचार साझा किए हैं। उत्तर भारत में गंगा किनारे सोरों सूकर क्षेत्र प्रमुख तीर्थ स्थल है। भगवान विष्णु क...