भागलपुर, सितम्बर 27 -- प्रस्तुति: ओमप्रकाश अम्बुज/अजय गुप्ता कटिहार के खेतों में इन दिनों लाल-लाल स्ट्रॉबेरी की फसल ने नई शोभा बिखेरी है। पहली बार बड़े स्तर पर हो रही इस खेती ने किसानों के दिलों में उमंग जगाई है। चमचमाते लाल फलों के बीच उनकी मेहनत और उम्मीदें साफ झलकती हैं। वे मानते हैं कि अगर सही बाजार और दाम मिल जाए तो यह खेती उनकी आर्थिक स्थिति को बदल सकती है। लेकिन खुशियों के बीच चिंता की लकीरें भी मौजूद हैं। बिचौलियों की दखल और बाजार की अनिश्चितता किसानों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गई है। उत्पादन तो अच्छा हो रहा है, लेकिन उसकी सही कीमत तक पहुंचना मुश्किल है। किसान चाहते हैं कि उन्हें सीधा बाजार से जोड़ा जाए और सरकार उनकी फसल की सुरक्षा व बिक्री के लिए ठोस कदम उठाए। गांव के खेतों में लाल-सुनहरी स्ट्रॉबेरी की फसल खड़ी है, जो सिर्फ एक फ...
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