भागलपुर, फरवरी 11 -- -प्रस्तुति: मुदस्सिर नजर, मोना कश्यप भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना श्यामा प्रसाद मुखर्जी रुर्बन मिशन का उद्देश्य गांवों को शहरी सुविधाओं से जोड़ना था, लेकिन कटिहार जिले के बारसोई प्रखंड स्थित शिवानंदपुर पंचायत की जमीनी हकीकत इस लक्ष्य से काफी दूर दिखाई देती है। वर्ष 2018 में इस पंचायत को मिशन में शामिल किया गया था, लेकिन वर्षों बाद भी यहां विकास योजनाएं कागजों और शिलापट्ट तक ही सीमित नजर आ रही हैं। पंचायत के वार्ड संख्या 05 की स्थिति बेहद चिंताजनक है। यहां आज भी कई सड़कें कच्ची हैं। बरसात के दिनों में कीचड़ और जलजमाव के कारण ग्रामीणों का घर से निकलना तक मुश्किल हो जाता है। स्कूली बच्चों, मरीजों और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ती है। स्थानीय ग्रामीण रामविलास पासवान कहते हैं, कि साहब, बरसात में सड़क नही...
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