उरई, फरवरी 16 -- उरई। शृंगार किसी भी महिला-युवती की प्राथमिकता होती है। तीज त्योहारों या शादी समारोह आदि में उनकी इस ख्वाहिश को हम बखूबी पूरा करते हैं। यह एक तरह की कला है, जिसमें हमें महारत हासिल है। लेकिन छेड़छाड़ जैसी कुछ जटिल समस्याएं ऐसी हैं, जो हमारे काम में अक्सर रोड़ा बनती हैं। इस काम में अपना करियर बनाने वाली युवतियां कोर्स पूरा करने और कुछ दिन काम करने के बाद आगे नहीं बढ़ पाती क्योंकि परिजन माहौल को भांपते हुए उन्हें मना कर देते हैं। हमारी दुकानों के बाहर अक्सर शोहदों का जमावड़ा लग जाता है। शादी ब्याह में देर हो जाए तो घर के लिए निकलने तक में डर लगता है। शादी-ब्याह हो या तीज-त्योहार। खूबसूरत नजर आना हर महिला की पहली पसंद होती है। आकर्षक दिखने के जुनून ने ब्यूटी पार्लर स्टार्टअप को शहर से लेकर गांवों तक फैला दिया है। हर साल कई महिलाएं...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.