शामली, फरवरी 6 -- शामली तहसील में बैनामे की प्रक्रिया में पैन कार्ड और आधार आधारित बायोमेट्रिक सत्यापन अनिवार्य किए जाने के बाद रजिस्ट्री की संख्या में कमी दर्ज की जा रही है। शासन के निर्देश पर लागू नई व्यवस्था के चलते रजिस्ट्रार कार्यालय में बैनामा कराने की प्रक्रिया अब पहले की तुलना में अधिक समय लेने लगी है, जिसका सीधा असर दैनिक बैनामों की संख्या पर पड़ा है। उत्तर प्रदेश सरकार ने फर्जी बेनामों को लेकर हो रही धोखाधडी और फर्जी बेनामों पर अंकुश लगाने के लिए बेनामों में आधार की बायोमेट्रिक व पेनकार्ड अनिर्वाय कर दिया है। यह व्यावस्था गत 4 फरवरी से लागू की गई है। जिले में यह व्यावस्था लागू होने से रजिस्ट्री कार्यो पर इसका असर देखने को मिला है। पहले तहसील शामली में प्रतिदिन औसतन 60 से 70 बैनामे होते थे, लेकिन नई व्यवस्था लागू होने के बाद यह सं...