मुरादाबाद, फरवरी 5 -- नगर के शाहबाद रोड स्थित गोल खंभे के पास दारुल उलूम गोस ए आजम की ओर से गुरुवार को जश्न- ए-दस्तारबंदी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसकी शुरुआत अल्लाह के मुकद्दस कलाम से की गई और फिर नबी ए अकरम की शान में नात ए पाक पेश की। बिहार से आए मौलाना गुलाम रसूल बलियावी ने कौम- ए-मुस्लिम को खिताब करते हुए नसीहत पेश की। कहा कि मुसलमान सबसे पहले निकाह को आसान करें, शादियों में फिजूल खर्ची से परहेज करें, खड़े होकर खाना हरगिज ना खाएं। कहा कि मुस्लिम कौम की जिम्मेदारी है कि वो अपने बच्चों को हर हाल में पढ़ाए, भले ही परेशानियों से जूझना पड़े। हर मुश्किल के बाद ही आसानी है।ञ दारुल उलूम गौस- ए-आजम में 12 तालिब ए इल्म हाफिज कारी बने, जिनके उलेमा हजरात के दस्ते मुबारक से दस्तार बांधी गई। दारुल उलूम के इस आयोजन में शरीक सभी ने समस्त स्टाफ ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.