कानपुर, दिसम्बर 28 -- ज्योतिष विद्या एक विज्ञान है। ज्योतिष में आंकड़ों का संकलन कर विधिवत शोध हो तो इससे जनमानस को लाभ होगा। इस क्षेत्र में इंडियन काउंसिल ऑफ एस्ट्रोलॉजिकल साइंसेज (आईकास) और बीएचयू के बीच एमओयू किया जाएगा। यह बात रविवार को बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने कही। श्री रामलीला भवन में आईकास के हुए उपाधि अलंकरण समारोह के अंतिम दिन मुख्य अतिथि कुलपति प्रोफेसर चतुर्वेदी ने कहा कि शोध से प्राचीन पुस्तकों को ठीक तरीके से समझा जा सकता है। ज्योतिष विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा। ज्योतिष विकास के लिए दोनों मिलकर कुछ एमओयू कर सकते हैं। संत स्वामी मिथिलेश नंदिनी शरण महाराज ने कहा कि जो लोग रोज-रोज ज्योतिष की रीलें देखते रहते हैं, छोटी-छोटी बातों को लेकर ज्योतिषीय जानकारी नेट पर खोजते हैं, वे सावधान ...
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