पटना, फरवरी 10 -- राज्यसभा में मंगलवार को सांसद डॉ. भीम सिंह के सवाल पर रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय की ओर से बताया गया कि देश में कुल 2,50,050 लाइसेंस प्राप्त उर्वरक विक्रय केंद्र हैं, जिनमें से 1,42,376 केंद्रों को प्रधानमंत्री किसान समृद्धि केंद्र (पीएमकेएसके) के रूप में परिवर्तित किया जा चुका है। वहीं, बिहार में 28,566 लाइसेंस प्राप्त उर्वरक विक्रय केंद्र कार्यरत हैं, जिनमें से 13,079 को पीएमकेएसके के रूप में विकसित किए गए हैं। डॉ. सिंह ने बताया कि ये आंकड़े बताते हैं कि बिहार देश के उन प्रमुख राज्यों में शामिल है, जहां किसानों तक उर्वरक, मृदा परीक्षण, बीज, कृषि सलाह और सरकारी योजनाओं की जानकारी एकीकृत रूप से पहुंचाने की दिशा में ठोस प्रगति हुई है। डॉ. सिंह ने कहा कि पीएमकेएसके के माध्यम से उर्वरक वितरण को तकनीक-आधारित, किसान-केन्द्रित औ...