रोहित मिश्र लखनऊ, फरवरी 5 -- यूपी में बिजली दरें बीते छह साल में एक बार भी नहीं बढ़ीं। बावजूद इसके बिजली ग्राहकों की जेब खाली हो रही है। बीते 11 महीनों में उपभोक्ताओं से बिजली बिल के अतिरिक्त 1400 करोड़ रुपये वसूल लिए गए हैं। फरवरी के बिजली बिल में 10 प्रतिशत अतिरिक्त वसूली के आदेश से नियामक आयोग भी सकते में है और उसने पावर कॉरपोरेशन से इस गणना के सभी दस्तावेज तलब किए हैं। सूत्र बताते हैं कि कॉरपोरेशन का जवाब आने के बाद न केवल फरवरी की वसूली बल्कि अब तक हुई कुल वसूली की जांच हो सकती है। नियामक आयोग ने इस साल हर महीने ईंधन व ऊर्जा खरीद में इस्तेमाल हुई अतिरिक्त रकम को बिल में समायोजित करने के आदेश दिए थे। अप्रैल 2025 के बिल में पहली बार बिजली बिलों में 78.99 करोड़ रुपये की वसूली के लिए बिजली बिल में 1.24 प्रतिशत का इजाफा किया गया था। यह रक...
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