बाराबंकी, जनवरी 7 -- सूरतगंज (बाराबंकी)। ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने के सरकारी दावों की सच्चाई दम तोड़ती नजर आ रही है। हालात इतने गंभीर हैं कि कई एएनएम सेंटर या तो पूरी तरह निष्क्रिय हैं या जर्जर हो चुके हैं। नहरवल गांव का एएनएम सेंटर वर्षों से बंद पड़ा है। जहां न दरवाजा है, न पेयजल और न ही मातृ-शिशु स्वास्थ्य की कोई सुविधा, जिससे ग्रामीणों को इलाज और टीकाकरण के लिए भटकना पड़ रहा है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामनगर के अंतर्गत आने वाले गांवों में स्वास्थ्य सुविधाएं बदहाली का शिकार हैं। क्षेत्र के करीब 20 एएनएम सेंटर हैं। इसमें से अधिकतर या तो बंद पड़े हैं या जर्जर हालत में हैं। नहरवल गांव में बना एएनएम सेंटर इसकी सबसे बड़ी मिसाल बनकर खुद सिस्टम की लापरवाही की गवाही दे रहा है। केंद्र का दरवाजा गायब, बाउंड्री टूटी, भवन जर्जर नहरवल ...
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