चंदौली, जून 5 -- चंदौली। बिजली निजीकरण के विरोध में बुधवार को किसानों और विभिन्न संगठनों ने मुख्यालय स्थित धरना स्थल पर प्रदर्शन किया। इस दौरान जुलूस के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचकर केंद्र और प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। साथ ही राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी विराग पांडेय को सौंपा। साथ ही बिजली का निजीकरण रद्द करने और स्मार्ट मीटर लगाए जाने बंद करने आदि मांग किया। इस अवसर पर संयुक्त किसान मोर्चा के संयोजक रामअवध सिंह वक्ताओं ने कहा कि भाजपा सरकार बिजली का निजीकरण कर रही है। यह पूरी तरह से अनुचित है। इसे सिर्फ कॉरपोरेट जगत को फायदा होगा। सरकार के इस फैसले से किसानों और गरीबों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ेगा। इसे किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि बिजली का निजीकरण हो जाएगा तो किसान की किस्मत अंधेरे में हो ...
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