बागपत, अप्रैल 18 -- बिजरौल गांव में जमीन को भूमि अधिग्रहण से बचाने के लिए गुरुवार को वृद्ध दंपत्ति भी परिजनों संग धरने पर बैठ गया। धरने पर बैठे किसानों ने पीड़ी बागपत के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। बिजरौल गांव निवासी 94 वर्षीय बलवान सिंह व उनकी 90 वर्षीया चोहलो देवी भी परिजनों के साथ गुरुवार को अपनी जमीन बचाने के लिए धरने पर बैठ गई। वृद्ध दंपत्ति व परिजनों संग अन्य ग्रामीण भी धरने पर शामिल हुए। सभी ने पीड़ी बागपत के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। किसानों का कहना था कि दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर निर्माण में नक्शा व रिपोर्ट देने में पीड़ी बागपत ने गलती की है ओर अपनी गलती छिपाने को अब वे किसान की करीब एक बीघा जमीन पर कब्जा करना चाहते हैं जबकि कॉरिडोर निर्माण में इस जमीन की कोई जरूरत भी नहीं हैं। किसानों का कहना था कि उन्हें गुमराह कर जमीन हड़पने ...
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