पटना, जनवरी 29 -- उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बाल श्रम को राज्य और समाज के लिए गंभीर अभिशाप बताया है। उन्होंने कहा कि आज भी यदि हजारों बच्चे श्रमिक के रूप में काम करने को मजबूर हैं, तो यह हम सभी के लिए चिंता का विषय है। हम सभी को बाल श्रम उन्मूलन के लिए संकल्पित होना चाहिए। उपमुख्यमंत्री गुरुवार को बिहार राज्य बाल श्रमिक आयोग की बाल श्रम की रोकथाम, उन्मूलन, विमुक्ति एवं पुनर्वास को लेकर दशरथ मांझी श्रम एवं नियोजन अध्ययन संस्थान में आयोजित कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि बच्चों की पहचान एक छात्र के रूप में होनी चाहिए, न कि एक मजदूर के रूप में। सभी जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, एनजीओ और समाज के लोगों से अपील की गई कि वे मिलकर यह संकल्प लें कि आने वाले वर्षों में बिहार का कोई भी बच्चा बाल श्रमिक न बने। हर बच्चे को शिक्षा, सम्...