प्रमुख संवाददाता, अगस्त 13 -- यूपी में होने वाले सामूहिक विवाह समारोहों में गड़बड़ी रोकने के लिए कई नए बदलाव किए गए हैं। अब वर-वधू का मौके पर ही विवाह पंजीकरण कराया जाएगा। कोई भी अपात्र मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना का लाभ न उठा सके इसके लिए सख्ती की जाएगी। जिले में विवाह पंजीकरण का कार्य देख रहे जिम्मेदार एडीएम स्तर के अधिकारी की ड्यूटी लगाई जाएगी। जिससे किसी भी तरह की गड़बड़ी की गुंजाइश न रहे। एक बार विवाह पंजीकरण होने पर दोबारा शादी की तो पकड़े जाएंगे। वही शादीशुदा लोग दोबारा विवाह करेंगे तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई आसानी से होगी सकेगी। वहीं सामूहिक विवाह में बायोमेट्रिक उपस्थिति भी इसी वर्ष से दर्ज करने का निर्णय लिया गया है। वर्ष 2017-18 से मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना शुरू की गई है। तब से लेकर अभी तक 923 अपात्र जोड़े पकड़े जा...
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