नई दिल्ली, दिसम्बर 5 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने शुक्रवार को कहा कि हम रुपये के लिए मूल्य का कोई स्तर या दायरा नहीं रखते हैं। हम बाजारों को ही कीमतें तय करने देते हैं। लंबी अवधि में बाजार काफी प्रभावी होते हैं। केंद्रीय बैंक घरेलू मुद्रा को खुद ही अपना 'सही स्तर' खोजने की अनुमति देता है। मल्होत्रा का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब रुपया इसी हफ्ते अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 90 के स्तर को पार कर अपने सबसे निचले भाव पर पहुंच गया। उन्होंने कहा कि बाजार में उतार-चढ़ाव होते रहते हैं और आरबीआई का प्रयास हमेशा असामान्य या अत्यधिक उतार-चढ़ाव को कम करना होता है। इसके साथ ही आरबीआई ने बैंकों में एक लाख करोड़ रुपये की नकदी डालने की भी घोषणा की। इससे अर्थव्यवस्था को अमेरिकी शुल्क के प्रभाव से सुरक्षित रखने और रुपये की क...
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