रांची, फरवरी 1 -- रांची, संवाददाता। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश बजट को तात्कालिक बाजार राहत के बजाय दीर्घकालिक आर्थिक मजबूती पर केंद्रित बताया जा रहा है। बजट के दूरगामी प्रभावों का विश्लेषण करते हुए सीए विकास सहाय ने कहा कि वर्तमान उपायों और उद्योग संकेतों से स्पष्ट है कि सरकार का जोर एसएमई ग्रोथ फंड जैसे माध्यमों से छोटे व्यवसायों को पूंजी उपलब्ध कराने पर है। Rs.12.2 लाख करोड़ (लगभग 9% वृद्धि) के पूंजीगत व्यय और बुनियादी ढांचे (इंफ्रास्ट्रक्चर) पर आधारित विकास रणनीति से मध्यम और दीर्घ अवधि में मांग व उत्पादकता को बड़ा समर्थन मिलेगा। हालांकि, सिक्योरिटी ट्रांजैक्शन टैक्स में बढ़ोतरी से अल्पकाल में बाजार की धारणा और ट्रेडिंग गतिविधियों पर दबाव महसूस किया जा सकता है। साथ ही, एफपीआई निवेश नीति में स्पष्टता और एनआरआई निर्माताओं को...