नई दिल्ली, नवम्बर 6 -- दिल्ली हाईकोर्ट ने रूसी महिला के साथ बच्ची को भारत से 'भगा ले जाने' के डर से बड़ा फैसला सुनाया। सुप्रीम कोर्ट में लंबित एक समान मामले का हवाला देकर कोर्ट ने चार साल की मासूम की अंतरिम कस्टडी भारतीय पिता को दे दी। यह फैसला इसलिए खास, क्योंकि रूसी मां और बच्ची दोनों रूसी पासपोर्ट धारक हैं।सुप्रीम कोर्ट की नाराजगी का असर कोर्ट ने हालिया घटनाओं पर तीखी टिप्पणी की। एक रूसी महिला (विक्टोरिया बसु बनाम पश्चिम बंगाल राज्य) ने सुप्रीम कोर्ट के आदेशों को धता बताते हुए बच्चे को लेकर भारत छोड़ दिया। सुप्रीम कोर्ट ने इसे 'अधिकारियों की लापरवाही' करार दिया और देश की एम्बेसी की भूमिका पर गुस्सा जताया। दिल्ली हाईकोर्ट की जस्टिस अनिल क्षत्रपाल और हरीश वी शंकर की ने कहा, "ऐसे में रूसी मां को अनियंत्रित कस्टडी देना भारतीय अदालतों की सा...