वाराणसी, फरवरी 6 -- वाराणसी, मुख्य संवाददाता। सनातन धर्म के सभी सोलह संस्कारों में ब्राह्मण (पंडित) की जरूरत होती है। देश का राष्ट्रपति हो या चाहे प्रधानमंत्री सभी ब्राह्मण (पंडित) समाज का सदैव सम्मान करते आए हैं। किन्तु आज देश का एक ऐसा अभिनेता जो खुद ब्राह्मण कुल में जन्मा हो और वही अपने समाज को गाली दे, तो ऐसा कृत्य सर्वदा निंदनीय है। उक्त बातें शुक्रवार को अहिल्याबाई घाट पर विप्र समाज काशी के अध्यक्ष डॉ.पवन शुक्ल ने कहीं। यहां प्रख्यात कलाकर मनोज बाजपेयी अभिनीत घूसखोर पंडत फिल्म के विरोध में ब्राह्मण समाज के लोग जुटे थे। डॉ. शुक्ल ने कहा कि इधर कई महीनों से ब्राह्मण समाज को लज्जित करने का कार्य किसी न किसी प्रकार से समाज में किया जा रहा है। विप्र समाज के प्रतिनिधियों ने मांग की कि उक्त फ़िल्म का नाम बदला जाए। इसे बैन नहीं किया गया तो म...