बहराइच, फरवरी 19 -- बहराइच, संवाददाता। जरवल ब्लॉक के तपेसिपाह गांव में सामूहिक दवा सेवन अभियान (एमडीए/आईडीए) के दौरान एक परिवार में फाइलेरिया की दवा खाते ही दो सदस्यों को उल्टी आने लगी। परिजन घबरा गए। कहीं दवा का दुष्प्रभाव तो नहीं हो गया। स्वास्थ्य टीम मौके पर पहुंची। बताया गया कि यह दवा का दुष्प्रभाव नहीं बल्कि बल्कि शरीर में लंबे समय से छिपे सूक्ष्म फाइलेरिया के कीटाणुओं के मरने का दुष्प्रभाव है। तब जाकर घरवालों ने राहत ली। नोडल एवं डिप्टी सीएमओ डॉ. अनुराग वर्मा के अनुसार यही संक्रमण आगे चलकर हाथ-पैर में सूजन या हाइड्रोसील जैसी जटिलताओं का कारण बनता है। इसी को देखते हुए जरवल ब्लॉक में 10 से 28 फरवरी तक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अब तक निर्धारित लक्ष्य का 42 प्रतिशत पूरा करते हुए 1.20 लाख से अधिक लोग बचाव की दवा सेवन कर चुके हैं। सीए...