सीतामढ़ी, फरवरी 5 -- पुपरी। एसडीएच, पीएचसी पुपरी में 10 फरवरी से शुरू हो रहे फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर आयोजित हुआ। प्रशिक्षण का नेतृत्व कर रहे प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ कफील अख्तर ने आशा फेसिलेटर व कार्यकर्ता को संबोधित करते हुए कहा कि फाइलेरिया मादा क्यूलेक्स मच्छर के काटने से फैलता है। गंदे पानी मे मच्छर पनपते है। इस मच्छर के काटने से संक्रमित व्यक्तियों को हाथीपांव व हाइड्रोसिल का खतरा रहता है। दो साल से कम उम्र के बच्चों, गर्भवती महिलाओं और गम्भीर बीमारी पीड़ित व्यक्तियों को दवा नही खाना है। अन्य सभी व्यक्ति को घर घर जाकर अल्वेंडजोल की दवा खिलाना है। प्रशिक्षण में बीसीएम पूजा, लेखपाल मुकेश कुमार, वरीय लिपिक अतुल कुमार, के टी एस दीपक, शम्भू आदि ने विचारों से अवगत कराया।
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