शामली, फरवरी 18 -- क्षेत्र के गांव पंजोखरा में गन्ना किसानों की आय दोगुनी करने तथा फसल को विभिन्न बीमारियों और कीटों से बचाने के उद्देश्य से एक विशाल किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में करनाल गन्ना संस्थान के पूर्व निदेशक डॉ. एस.के. पांडे और जिला गन्ना अधिकारी, शामली ने शिरकत की। विशेषज्ञों ने किसानों को आधुनिक तकनीकों को अपनाकर बेहतर पैदावार प्राप्त करने के कारगर सुझाव दिए। डॉ. एस.के. पांडे ने किसानों को सचेत करते हुए कहा कि गन्ने की कटाई के बाद फसल में पोंगा (पेड़ी या रेटून के अवशेष) बिल्कुल न छोड़ें। उन्होंने स्पष्ट किया कि पोंगे के अंदर ही फसल को नुकसान पहुंचाने वाले कीट और बीमारियां छिपी रहती हैं, जो अनुकूल मौसम मिलते ही पूरी फसल को बर्बाद कर सकती हैं। इसके अलावा गन्ने का फुटाव (टिलरिंग) बढ़ाने के लिए...