बरेली, जनवरी 14 -- सिंथेटिक मिंट क्रिस्टल ने बरेली के प्राकृतिक मिंट निर्यातकों की नींद उड़ा रखी है। स्थिति यह है कि वित्तीय वर्ष 2021-22 में 76.44 करोड़ रुपये का निर्यात होने वाला एसेंशियल ऑयल व पिपरमिंट वर्तमान समय में घटकर करीब 20 करोड़ रुपये पर अटक गया है। इसका कारण सिंथेटिक मेंथॉल क्रिस्टल की कीमत देसी नेचुरल मेंथॉल से कम होना बताया जा रहा है। उत्तर प्रदेश मिंट मैन्यूफैक्चरर्स एंड एक्सपोटर्स एसोसिएशन के सदस्यों ने बताया कि साल 1980 से हम दुनिया के नंबर एक मेंथा उत्पादक देशों में गिने जाते रहे हैं। हमारे यहां से विदेशों में सबसे ज्यादा मेंथा ऑयल और मेंथा क्रिस्टल का निर्यात किया जाता रहा है लेकिन पिछले पांच साल से हमारा निर्यात लगातार घट रहा है। इसका सबसे बड़ा कारण है सिंथेटिक मेंथॉल। एसोसिएशन का कहना है कि साल 2023 में जर्मनी की एक ब...